लोनी। जब देश अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा था, तब लोनी अहिल्याबाई होल्कर ने न केवल कुशल प्रशासन का परिचय दिया, बल्कि भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत के संरक्षण एवं पुनरुत्थान का भी महान कार्य किया। उन्होंने काशी विश्वनाथ मंदिर सहित देश के अनेक प्राचीन मंदिरों, तीर्थस्थलों, घाटों और धर्मशालाओं का पुनर्निर्माण एवं जीर्णोद्धार कराया।
यह बातें उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने लोनी स्थित महिला डिग्री कॉलेज में लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर की 301वीं जयंती के अवसर पर लोनी बार्डर पर अहिल्याबाई होल्कर के द्वार का शिलान्यास के दौरान कही। उन्होंने कहा कि अहिल्याबाई होल्कर की 301 वीं जयंती सरकारी खर्चे पर सभी जगह मनाया जा रहा है। और उनके नाम से कई स्थानों पर गेट व मूर्तियों की स्थापना भी किया जा रहा है।
अहिल्याबाई होल्कर जी की 301वीं जयंती के अवसर पर समारोह आयोजित
शनिवार को लोनी नाईपुरा स्थित महिला डिग्री कॉलेज परिसर में पाल समाज द्वारा लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर जी की 301वीं जयंती के अवसर पर आयोजित समारोह को उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद ने संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र और प्रदेश में भाजपा के नेतृत्व वाली डबल इंजन की सरकार ने संघर्ष की देवी अहिल्या बाई होलकर को जो सम्मान दिया वो पूर्व की सरकारों ने नहीं दिया है।
साइकिल को पंचर ही नहीं उसके टुकड़े टुकड़े कर देना: मौर्या
उन्होंने कहा कि आज विपक्षी पार्टियां भी उनकी उपलब्धियों को याद कर रही है। लेकिन आप लोगों को 2027 में याद रखना है। धोखेबाजों पार्टियों के बहकावे में नहीं आना है। उन्होंने कहा कि साइकिल को पंचर ही नहीं उसके टुकड़े टुकड़े कर देना। समारोह के बाद लोनी बार्डर बस डिपो के सामने 19.50 लाख की लागत से अहिल्याबाई होल्कर के गेट का शिलान्यास किया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश भर में अहिल्याबाई होल्कर की 300 द्वार व प्रतिमाएं बनवाई जा रही हैं। इस अवसर गाजियाबाद सांसद अतुल गर्ग, लोनी विधायक नंद किशोर गुर्जर समेत पाल समाज के गणमान्य लोग मौजूद रहे।












