पटना: बुधवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बिहार कैबिनेट की बैठक हुई. जहां 24 एजेंडों पर मुहर लगी है. समेकित बाल विकास सेवाओं के अंतर्गत आंगनबाड़ी सेविका/सहायिका के 22000 पदों पर बहाली की जाएगी. वहीं, बिहार में खेल को प्रोत्साहित करने के लिए बिहार खेल नीति 2026 को स्वीकृति दी गई है. इसके तहत बिहार राज्य खेल छात्रवृत्ति योजना और प्रतिभा पहचान कार्यक्रम जैसी नीतियों को लागू किया जाना है.
बिहार कैबिनेट में 24 फैसले: बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन योजना के अंतर्गत वेजफेड की त्रि-स्तरीय सहकारी व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण एवं विस्तार के लिए ₹106.39 करोड़ की योजना स्वीकृत की गई है. प्रखंड स्तरीय आधारभूत संरचना का निर्माण, सहकारी समितियों को कार्यशील पूंजी तथा रीफर वाहनों की व्यवस्था विकसित की जाएगी.
पथ निर्माण विभाग द्वारा जमुई जिले में NH-333A पर दो उच्चस्तरीय आरसीसी पुल निर्माण परियोजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है. खैरा-सोनो पथ के 72वें किमी पर नरियाना घाट (क्यूल नदी) पर ₹93.82 करोड़ की लागत से नए पुल का निर्माण होगा. खैरा-सोनो पथ के 80वें किमी पर मंगोबंदर-सुकनर नदी पर ₹55.96 करोड़ की लागत से नए पुल का निर्माण होगा.
दरभंगा के रैयाम एवं मधुबनी के सकरी स्थित बंद पड़ी चीनी मिल परिसरों में नई सहकारी चीनी मिलों और गन्ना उपोत्पाद आधारित उद्योगों की के लिए स्वीकृत परियोजना प्रदान करने का निर्णय लिया गया है. इस पहल से गन्ना किसानों को बेहतर अवसर, स्थानीय युवाओं को रोजगार तथा मिथिलांचल के औद्योगिक विकास को नई ऊर्जा मिलेगी.
केंद्र प्रायोजित अमृत 2.0 मिशन के अंतर्गत लखीसराय एवं किशनगंज जलापूर्ति परियोजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है. लखीसराय जलापूर्ति परियोजना के लिए ₹150.96 करोड़, किशनगंज जलापूर्ति परियोजना के लिए ₹53.71 करोड़ राशि को मंत्रिपरिषद ने अपनी मंजूरी दी है. इन परियोजनाओं के माध्यम से लाखों परिवारों को स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध होगा.
इसके साथ ही बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन योजना के अंतर्गत वेजफेड की त्रि-स्तरीय सहकारी व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण एवं विस्तार के लिए ₹106.39 करोड़ की योजना स्वीकृत की गई है.












